अयोध्या। यूपी में गंगा की तर्ज पर अब सरयू नदी के जल प्रवाह को संरक्षित करने के लिए जिला गंगा संरक्षण समिति की बैठक की गई। जिसमें उपस्थित अधिकारियों को सरयू नदी में गिरने वाले गंदे नाले को रोकने और आसपास के क्षेत्रों में फैल रहे गंदगी को रोकने के साथ स्थानीय लोगों से मुलाकात जागरूक करने के लिए निर्देशित किया है। जिलाधिकारी नीतीश कुमार की अध्यक्षता में बुलाई बैठक में समिति के सदस्यों ने बताया कि सरयू नदी के जल संरक्षण के लिए प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। जनपद में गंगा की सहायक नदी सरयू का जल प्रवाह है इसके संरक्षण दृष्टिगत में गिरने वाले नालों के ट्रीटमेंट के उपरांत जल प्रवाह किया जाना है। यह कार्य योजना तेजी से प्रगति पर है। तो वहीं इस दौरान समिति ने नदियों को साफ सुथरा रखने के संबंध में सुझाव देते हुए बताया कि नदी में कूड़ा व मृत पशुओं के प्रवाह ना करने के लिए लोगों को जागरूक करने और नदियों को स्वच्छ बनाए रखने की अपील की है।बैठक में मुख्य विकास अधिकारी अनिता यादव ने सरयू जागृति अभियान की कार्ययोजना के बारे में बताया कि सरयू नदी के किनारे अवस्थित गांवों में गठित ग्राम गंगा सेवा समितियों द्वारा ग्राम स्तर पर स्थानीय लोग सरयू नदी को स्वच्छ रखने हेतु जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर जागरूक किया जायेगा तथा जिन घाटों पर सरयू आरती नही हो रही है वहां आरती हेतु लोगों को जागरूक किया जायेगा। ताकि यह एक सांस्कृतिक परम्परा बन जाये तथा लोगों का सरयू नदी के प्रति आस्था में वृद्वि हो और लोग इसे साफ सुथरा रखें। सरयू जागृति अभियान के तहत सरयू नदी के घाट की सफाई, उपयुक्त स्थलों पर नवीनीकरण/सौन्दर्यीकरण भी किया जायेगा तथा नदी की साफ सफाई हेतु वृहद स्तर पर एनजीओ व जनता के सहयोग से श्रमदान/स्वच्छता अभियान चलाया जायेगा।
21 मई योग दिवस से 1 दिन पूर्व 20 मई को सरजू के किनारे एनजीओ रेड क्रॉस सोसाइटी सहित विभिन्न विभागों एवं जन सामान्य के संयुक्त सहयोग से विशेष श्रमदान स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा।