बाराबंकी। बंद पड़ी स्थानीय बाराबंकी चीनी मिल घोटाले की सीबीआइ जांच चल रही है। चीनी मिल की सपंत्ति को ईडी ने कुर्क कर रखा है। बावजूद चीनी मिल परिसर की जमीन पर निर्माण हो रहे हैं।
प्लाटिंग कर भूखंड भी बेचे जा रहे हैं। मिल के सामने निर्माण और पीछे प्लाटिंग कर दी गई है। बताया जाता है कि कुछ लोगों ने चीनी मिल संचालन से पहले अपने पूर्वजों के नाम दर्ज जमीन के दस्तावेजों के आधार पर कब्जा किया है।
चीनी मिल परिसर में मिले चौकीदार वृद्ध राम आशीष प्रजापति ने बताया कि हैं कि मिल की जमीन पर अवैध निर्माण व प्लाटिंग के मामले में वह अधिकारियों को जरूरत पड़ने पर अवगत कराते हैं।
देवा रोड पर एफसीआइ रेलवे क्रासिंग के पास से चीनी मिल का परिसर शुरू हो जाता है। इसी रास्ते के किनारे निर्माण हो रहा है और प्लाटिंग भी है, जबकि वर्ष 2011 में जब चीनी मिल बिकने के बाद तब उसके बाद हुई पैमाइश में देवा रोड के पूरब ग्रीडगंज तक बने करीब पांच सौ से ज्यादा भवन भी चीनी मिल की जमीन के दायरे में होने की पुष्टि तत्कालीन एसडीएम सदर रहे सुनील कुमार चौधरी ने की थी।