माघ मेला-2027 में पहली बार यमुना पर बनेगा दो पीपा पुल, अरैल से आने वाले श्रद्धालुओं को संगम पहुंचने में होगी सुविधा।
संगम पहुंचने में कई किमी नहीं चलना पड़ेगा
अभी तक इस दिशा से आने वाले लोगों को लंबा रास्ता तय करना पड़ता था। पीपा पुल बनने से आवागमन सुगम होने के साथ ही मेला क्षेत्र में भीड़ का दबाव कम करने में मदद मिलेगी। फाफामऊ की ओर सिक्स लेन पुल से माघ मेला के पहले आवागमन शुरू किया जा सकता है। इस कारण से फाफामऊ की ओर बेला कछार में पीपा पुल बनाने पर संशय है।
मेला क्षेत्र में 200 किमी चकर्ड प्लेट बिछेगी
बाढ़ समाप्त होने के बाद पीपा पुल बनाने की प्रक्रिया तेजी से शुरू की जाएगी। माघ मेला क्षेत्र में 200 किलो मीटर तक चकर्ड प्लेट बिछाई जाएगी। माघ मेले को लेकर लोक निर्माण विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। अरैल की ओर पीपा पुलों के बनने से यमुनापार के साथ आसपास के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों से आने वाले श्रद्धालुओं को संगम क्षेत्र तक पहुंचने में सुविधा होगी। मेला के दौरान लाखों श्रद्धालुओं के आने की संभावना को देखते हुए आवागमन व्यवस्था को बेहतर बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।