आरटीओ व एआरटीओ पद पर भी प्रोन्नति लटकी
लखनऊ, प्रमुख संवाददाता परिवहन विभाग के अफसर लंबे समय से प्रोन्नति का इंतजार कर रहे हैं। मुख्यालय स्तर पर विशेष सचिव व अपर परिवहन आयुक्त के अलावा संभागीय परिवहन अधिकारी (आरटीओ) व सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ) स्तर के पद रिक्त होने के बावजूद प्रोन्नति नहीं हो पा रही है।खुद परिवहन आयुक्त के पद पर तीन महीने से नियमित नियुक्ति नहीं हो पा रही है।परिवहन आयुक्त पद पर लंबे समय तक तैनात रहे वर्ष 1996 बैच के आईएएस धीरज साहू को गत दो जून को केंद्रीय प्रति नियुक्ति पर जाने के लिए कार्यमुक्त कर दिया गया था। शासन के आदेश पर परिवहन आयुक्त का कार्यभार उन्होंने प्रमुख सचिव परिवहन एल. वेंकटेश्वर लू को सौंप दिया था। तभी से प्रमुख सचिव के पास ही परिवहन आयुक्त का भी चार्ज है। इस बीच सितंबर तक प्रोन्नति प्रक्रिया पूरी करने के मुख्य सचिव के आदेश से विभागीय अधिकारियों को भी प्रोन्नति जल्द होने की उम्मीद जगी। हालांकि विभागीय अफसरों का कहना है कि अभी तक प्रोन्नति प्रक्रिया शुरू भी नहीं हो पाई है।सूत्रों के अनुसार विभागीय अफसरों के लिए शासन स्तर पर विशेष सचिव का एक और परिवहन मुख्यालय स्तर पर अपीलेट अधिकारी और अपर परिवहन आयुक्त स्तर के छह पद रिक्त हैं। वर्तमान में अपर परिवहन आयुक्त पद पर विभाग के एकमात्र अधिकारी तैनात हैं। इसी तरह वरिष्ठ एआरटीओ से आरटीओ के पद पर प्रोन्नति के 12 तथा यात्री कर अधिकारी (पीटीओ) व यातायात पथ निरीक्षक तकनीकी (आरआई-टी) से एआरटीओ के 30 पद रिक्त हैं। इन पदों के दावेदारों प्रोन्नति का इंतजार कर रहे हैं। वरिष्ठ एआरटीओ पद पर कार्यरत 60 से अधिक अफसरों का वरिष्ठता क्रमांक जारी न होने से आरटीओ पद पर प्रोन्नति फंसी हुई है।